Sunday , May 24 2026

लखनऊ में बनेगी नई हाई-टेक विधानसभा: सहारा शहर की 245 एकड़ जमीन पर होगा निर्माण, एलडीए ने डिजाइन के लिए जारी किया टेंडर

लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के गोमती नगर स्थित सहारा शहर (सहारा सिटी) की करीब 245 एकड़ विस्तृत जमीन पर नया विधानसभा परिसर बनने का रास्ता पूरी तरह साफ हो गया है। लंबे समय से चल रही कयासबाजियों और चर्चाओं पर विराम लगाते हुए शुक्रवार को इस महापरियोजना ने अपना पहला औपचारिक कदम आगे बढ़ा दिया है। लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) ने नए भव्य विधानसभा भवन कॉम्प्लेक्स की डिजाइनिंग, आर्किटेक्चर और मास्टर प्लानिंग के लिए कंसल्टेंट चयन हेतु आधिकारिक टेंडर जारी कर दिया है।

23 मई से खुलेगा टेंडर, तैयार होगी विस्तृत प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR)

एलडीए द्वारा जारी किए गए अनुरोध पत्र (RFP) के मुताबिक, देश-विदेश की इच्छुक और पात्र आर्किटेक्चरल कंपनियां 23 मई से लेकर 21 जून तक इस प्रोजेक्ट के लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगी। टेंडर और चयन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद एक मुख्य कंसल्टेंट की नियुक्ति की जाएगी। यह कंसल्टेंट एजेंसी नई विधानसभा की विस्तृत प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR) तैयार करेगी, जिसके बाद ही निर्माण की कुल अनुमानित लागत, बजट और समयसीमा के तकनीकी पहलुओं को अंतिम रूप दिया जाएगा।

आधुनिक सुविधाओं से लैस होगा परिसर, फ्यूचर प्लानिंग पर जोर

सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, उत्तर प्रदेश के इस नए लोकतंत्र के मंदिर को पूरी तरह डिजिटल और आधुनिक वैश्विक सुविधाओं से लैस किया जाएगा। इस 245 एकड़ के विशाल परिसर में मुख्य विधानसभा भवन के अलावा मंत्रियों और अधिकारियों के लिए अत्याधुनिक प्रशासनिक कार्यालय, बहुमंजिला पार्किंग, थ्री-टियर सुरक्षा व्यवस्था, वीवीआईपी लाउंज, सेंट्रल विस्टा की तर्ज पर हरित क्षेत्र (ग्रीन जोन) और अन्य जरूरी ढांचागत सुविधाएं विकसित की जाएंगी। इसका मुख्य उद्देश्य आगामी दशकों की आवश्यकताओं और बढ़ती सदस्य संख्या के अनुरूप एक सर्वसुविधायुक्त परिसर तैयार करना है।

बढ़ते ट्रैफिक और जगह की कमी के कारण लिया गया फैसला

राजधानी के हजरतगंज स्थित वर्तमान ऐतिहासिक विधानसभा भवन शहर के बिल्कुल बीचोबीच स्थित है। समय के साथ बढ़ती प्रशासनिक आवश्यकताओं, सुरक्षा चुनौतियों और हजरतगंज क्षेत्र में लगने वाले भीषण ट्रैफिक जाम के कारण लंबे समय से एक नए और बड़े परिसर की जरूरत शिद्दत से महसूस की जा रही थी। यही वजह है कि योगी सरकार ने गोमती नगर जैसे पॉश और सुव्यवस्थित इलाके में सहारा सिटी की खाली पड़ी जमीन पर नई विधानसभा विकसित करने का बड़ा फैसला लिया है, जिसे राज्य की अब तक की सबसे बड़ी आधारभूत परियोजनाओं में गिना जा रहा है।

टेंडर प्रक्रिया पर टिकीं नजरें, जल्द शुरू होगा निर्माण

कंसल्टेंट के फाइनल चयन और डीपीआर को कैबिनेट की मंजूरी मिलने के बाद ही धरातल पर निर्माण कार्य शुरू होने की सटीक तारीख स्पष्ट हो सकेगी। फिलहाल, एलडीए द्वारा टेंडर आमंत्रित किए जाने के साथ ही इस महत्वाकांक्षी परियोजना ने अपनी प्रशासनिक गति पकड़ ली है। अब सभी की निगाहें आने वाले दिनों में कंपनियों के चयन और बुनियादी ढांचे को लेकर सरकार द्वारा लिए जाने वाले अगले बड़े नीतिगत फैसलों पर टिकी हुई हैं।