'रामायण' के लिए मेकर्स ने खेला 41 साल पुराना दांव: दिवाली से पहले रिलीज करने की अनोखी तरकीब

'रामायण' के लिए मेकर्स ने खेला 41 साल पुराना दांव: दिवाली से पहले रिलीज करने की अनोखी तरकीब

मुंबई: निर्देशक नितेश तिवारी की महत्वाकांक्षी और भव्य पैन-इंडिया फिल्म 'रामायण: पार्ट वन' को लेकर दर्शकों और फिल्म उद्योग में जबर्दस्त उत्साह देखा जा रहा है। रणबीर कपूर (भगवान राम), साई पल्लवी (माता सीता) और यश (रावण) स्टारर इस महाकाव्य फिल्म की रिलीज को लेकर ट्रेड एनालिस्ट्स के बीच एक खास पहलू चर्चा का विषय बना हुआ है। आमतौर पर बॉलीवुड और भारतीय सिनेमा में यह माना जाता है कि दिवाली के ठीक पहले वाले दिन बॉक्स ऑफिस के लिहाज से काफी जोखिम भरे (Pre-Diwali Dull Period) होते हैं, क्योंकि लोग खरीदारी, सफाई और पारिवारिक तैयारियों में व्यस्त रहते हैं। ऐसे समय में भारी-भरकम बजट वाली फिल्म 'रामायण' को दिवाली से चंद रोज पहले थिएटर्स में उतारने का निर्णय मेकर्स की एक सोची-समझी व्यावसायिक चाल माना जा रहा है।

फिल्म उद्योग के जानकारों का कहना है कि निर्माता नमित मल्होत्रा और निर्देशक नितेश तिवारी ने बॉक्स ऑफिस पर 41 साल पुरानी एक सफल तरकीब को आजमाया है, जिसने हिंदी सिनेमा के इतिहास में कई बड़ी फिल्मों को ब्लॉकबस्टर का तमगा दिलाया था।

क्या है 41 साल पुरानी तरकीब? 1985 में अमिताभ बच्चन की 'मर्द' से हुई थी शुरुआत

बॉक्स ऑफिस के इतिहास पर नजर डालें तो दिवाली से ऐन पहले फिल्म रिलीज करने का यह साहसिक प्रयोग सबसे पहले साल 1985 (ठीक 41 साल पहले) में किया गया था।

  • 1985 में दिग्गज फिल्ममेकर मनमोहन देसाई ने मेगास्टार अमिताभ बच्चन अभिनीत फिल्म 'मर्द' को दिवाली के मुख्य त्योहार से चार दिन पहले सिनेमाघरों में रिलीज किया था।

  • उस दौर में भी ट्रेड पंडितों ने इसे बड़ा रिस्क माना था, लेकिन अमिताभ बच्चन और मनमोहन देसाई की जोड़ी के प्रति दीवानगी और मजबूत कंटेंट ने पहले दिन से ही सिनेमाघरों में हाउसफुल के बोर्ड लगवा दिए।

  • दिवाली से पहले रिलीज होने के कारण फिल्म को दर्शकों के बीच माउथ पब्लिसिटी (Word of Mouth) बनाने के लिए शुरुआती 3-4 दिन का समय मिल गया। जैसे ही दिवाली की छुट्टियां शुरू हुईं, 'मर्द' देखने के लिए सिनेमाघरों के बाहर दर्शकों का सैलाब उमड़ पड़ा और वह उस साल की सबसे बड़ी ब्लॉकबस्टर साबित हुई।

'डीडीएलजे' से 'कृष 3' तक: इसी फॉर्मूले ने रचे कई कीर्तिमान

'मर्द' के सफल प्रयोग के बाद 90 के दशक और 2000 के दशक में कई बड़े फिल्मकारों ने इस प्री-दिवाली रिलीज मॉडल को अपनाया:

  1. बाजीगर (1993): शाहरुख खान की इस थ्रिलर फिल्म को भी दिवाली से ठीक पहले उतारा गया था और इसने छुट्टियों में रिकॉर्डतोड़ कमाई की।

  2. दिलवाले दुल्हनिया ले जाएंगे (1995): भारतीय सिनेमा की सबसे प्रतिष्ठित रोमांटिक फिल्म 'DDLJ' को दिवाली से पहले रिलीज किया गया था। फिल्म ने शुरुआती दिनों में अपनी पकड़ बनाई और फिर फेस्टिव सीजन में इतिहास रच दिया।

  3. घातक (1996) और बड़े मियां छोटे मियां (1998): इन फिल्मों ने भी दिवाली के दिन टकराने के बजाय पहले रिलीज होकर छुट्टियों का पूरा फायदा उठाया।

  4. हम साथ साथ हैं (1999) और कृष 3 (2013): सूरज बड़जात्या की पारिवारिक फिल्म और ऋतिक रोशन की 'कृष 3' ने भी इसी रणनीति के तहत काम किया। शुरुआती दिन भले ही सामान्य रहे हों, लेकिन जैसे ही त्योहार का माहौल स्थिर हुआ, बॉक्स ऑफिस पर कमाई का बवंडर आ गया।

'धीमी शुरुआत, लेकिन लंबी दौड़': क्या है 'रामायण' के मेकर्स का असली गेमप्लान?

ट्रेड एनालिस्ट्स के मुताबिक, 'रामायण' जैसी महाकाव्य फिल्म को एक दिन की रिकॉर्डतोड़ ओपनिंग पर निर्भर रहने की जरूरत नहीं है। मेकर्स की रणनीति 'स्प्रिंट' (तेज दौड़) लगाने के बजाय 'मैराथन' जीतने की है:

  • आफ्टर-रिलीज बज (Word of Mouth): दिवाली के ठीक पहले रिलीज होने से फिल्म को दर्शकों और समीक्षकों के बीच अपनी गुणवत्ता, वीएफएक्स और अभिनय के दम पर एक मजबूत सकारात्मक माहौल (Buzz) बनाने के लिए 2 से 3 दिन का समय मिल जाता है।

  • फेस्टिवल हॉलिडेज का पूरा दोहन: एक बार जब फिल्म का पॉजिटिव रिव्यू आम जनता तक पहुंच जाएगा, तो दिवाली, गोवर्धन पूजा और भाई दूज की लगातार छुट्टियों के दौरान पारिवारिक दर्शक सिनेमाघरों की ओर रुख करेंगे।

  • एडवांस बुकिंग में पहले ही दिखा असर: एडवांस बुकिंग के आंकड़ों में यह रणनीति काम करती दिख रही है, जहां घरेलू और ओवरसीज मार्केट को मिलाकर फिल्म रिलीज से पहले ही 100 करोड़ रुपये के ग्रॉस कलेक्शन के मील के पत्थर को छूने की ओर अग्रसर है।

क्या बॉक्स ऑफिस पर दोहराया जाएगा इतिहास?

किसी भी फिल्म के लिए यह 41 साल पुराना फॉर्मूला तभी कारगर साबित होता है जब फिल्म के कंटेंट और भावना में दम हो। 'रामायण' भारत की सांस्कृतिक आत्मा से जुड़ा विषय है, जिसमें तकनीकी रूप से ऑस्कर विजेता DNEG और संगीत के स्तर पर हंस ज़िमर व ए.आर. रहमान जैसे दिग्गजों का साथ मिला है। ट्रेड विशेषज्ञों का अनुमान है कि यदि पहले दो दिनों में फिल्म को दर्शकों की मजबूत स्वीकृति मिल जाती है, तो दिवाली के विस्तारित सप्ताह में 'रामायण' भारतीय सिनेमा के कई पुराने बॉक्स ऑफिस रिकॉर्ड्स को ध्वस्त कर सकती है।