'पंजाब से नशा मिटाना है तो BJP को दें मौका': लुधियाना में नशा मुक्ति यात्रा के दौरान बरसे सांसद मनोज तिवारी

'पंजाब से नशा मिटाना है तो BJP को दें मौका': लुधियाना में नशा मुक्ति यात्रा के दौरान बरसे सांसद मनोज तिवारी

लुधियाना के औद्योगिक और घनी आबादी वाले ईसा नगरी क्षेत्र में भारतीय जनता पार्टी की प्रदेशव्यापी 'नशा मुक्ति यात्रा' के पहुंचते ही सियासी हलचल तेज हो गई। इस यात्रा के तहत आयोजित विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए भाजपा के वरिष्ठ नेता और सांसद मनोज तिवारी ने राज्य में तेजी से पैर पसार रहे नशीले पदार्थों के अवैध कारोबार को लेकर भगवंत मान सरकार पर कड़ा प्रहार किया। तिवारी ने सीधे तौर पर जनता से मुखातिब होते हुए आह्वान किया कि यदि पंजाब को नशे की दलदल से बाहर निकालना है और युवाओं का भविष्य सुरक्षित करना है, तो प्रदेश की जनता को भारतीय जनता पार्टी को एक मौका जरूर देना चाहिए। उन्होंने कहा कि नशा मुक्ति केवल चुनावी घोषणा नहीं, बल्कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा का दृढ़ संकल्प है, जिसे सत्ता में आते ही प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाएगा।

जनसभा में उमड़े स्थानीय नागरिकों, युवाओं और पार्टी कार्यकर्ताओं के बीच मनोज तिवारी ने पंजाब की मौजूदा सामाजिक और प्रशासनिक स्थिति का हवाला देते हुए कहा कि जो पार्टियां सत्ता में आने से पहले चंद हफ्तों में नशा खत्म करने की कसमें खाती थीं, आज उनके शासन में गलियों तक चिट्टा और सिंथेटिक ड्रग्स की आपूर्ति पहुंच चुकी है। उन्होंने कहा कि पंजाब की उर्वर धरती ने देश को वीर जवान और अन्नदाता किसान दिए हैं, लेकिन आज योजनाबद्ध तरीके से यहां की युवा पीढ़ी को नशे की गर्त में धकेला जा रहा है। तिवारी ने कहा कि जब तक सरकार की नीयत साफ नहीं होगी और कानून का सख्त पहरा नहीं लगेगा, तब तक यह सिंडिकेट पूरी तरह ध्वस्त नहीं हो सकता।

लुधियाना में गरजे मनोज तिवारी: कानून व्यवस्था और पुलिसिया तंत्र पर उठाए गंभीर सवाल

संबोधन के दौरान सांसद मनोज तिवारी ने पंजाब पुलिस और प्रशासनिक तंत्र की कार्यप्रणाली पर भी तीखे सवाल खड़े किए। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में कार्रवाई के नाम पर केवल नशा पीड़ित युवाओं या छोटे-मोटे उपभोक्ताओं को पकड़कर आंकड़े दुरुस्त दिखाए जा रहे हैं, जबकि सीमा पार और अंतरराज्यीय स्तर पर नेटवर्क चलाने वाले बड़े ड्रग तस्कर बेखौफ घूम रहे हैं। तिवारी ने स्पष्ट कहा कि तस्करों पर नकेल कसने के बजाय अगर तंत्र के भीतर बैठे लोग ही इस नेटवर्क को संरक्षण देने लगें, तो समस्या लाइलाज बन जाती है। उन्होंने मांग की कि बड़े सप्लायर्स और पर्दे के पीछे बैठे संरक्षकों के खिलाफ केंद्रीय एजेंसियों के सहयोग से पारदर्शी और बिना किसी राजनीतिक भेदभाव के निर्णायक जांच होनी चाहिए।

ईसा नगरी और समराला चौक के आसपास के इलाकों में यात्रा का स्वागत करने के लिए स्थानीय लोग सड़कों पर निकले। इस दौरान केंद्रीय रेल एवं खाद्य प्रसंस्करण उद्योग राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू समेत भाजपा के कई प्रमुख चेहरे मंच पर उपस्थित रहे। मनोज तिवारी ने अपने खास अंदाज में गीतों और संवाद के जरिए युवाओं को नशे के खिलाफ जागरूक किया और यह संदेश दिया कि अपनी समृद्ध संस्कृति और गौरवशाली इतिहास को बचाने के लिए हर परिवार को इस मुहिम से जुड़ना होगा। उन्होंने कहा कि भाजपा शासित राज्यों में जिस तरह अपराधियों और माफिया नेटवर्क पर बुलडोजर और कड़े कानून का खौफ कायम हुआ है, वैसा ही सख्त शासन मॉडल पंजाब में भी लागू करने की सख्त जरूरत है।

'नशामुक्त पंजाब कोई चुनावी जुमला नहीं, हमारा पक्का संकल्प है': भाजपा का रोडमैप

तिवारी ने जनता को भरोसा दिलाया कि केंद्र सरकार सीमा सुरक्षा को मजबूत करने, ड्रोन के जरिए हो रही हथियारों और हेरोइन की तस्करी रोकने के लिए आधुनिक एंटी-ड्रोन तकनीक तैनात कर रही है, लेकिन जब तक राज्य स्तर पर पुलिस और खुफिया तंत्र का पूर्ण सहयोग नहीं मिलेगा, तब तक सीमावर्ती जिलों से लेकर भीतरी शहरों तक फैले जाल को काटना कठिन रहेगा। उन्होंने कहा कि भाजपा की प्राथमिकता केवल गिरफ्तारियां करना नहीं है, बल्कि हर जिले में आधुनिक नशा मुक्ति एवं पुनर्वास केंद्र स्थापित करना, युवाओं को खेल और रोजगार के नए अवसर प्रदान करना तथा पीड़ित परिवारों को सम्मानजनक जीवन लौटाना है।

आगामी राजनीतिक समीकरणों पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि पंजाब की जनता ने दशकों तक पारंपरिक दलों और हाल के वर्षों में नए राजनीतिक प्रयोगों को देख लिया है, मगर जमीनी हकीकत बदलने के बजाय और बदतर होती चली गई। तिवारी ने दोहराया कि भाजपा जो कहती है, वह करके दिखाती है, चाहे वह राष्ट्रीय सुरक्षा का मामला हो या बुनियादी विकास का। जनसभा के समापन पर उन्होंने लुधियाना और पूरे मालवा क्षेत्र के नागरिकों से अपील की कि वे इस नशा मुक्ति अभियान को जन-आंदोलन बनाएं ताकि पंजाब को फिर से हंसता-खेलता, खुशहाल और आत्मनिर्भर राज्य बनाया जा सके।