CM भगवंत मान के प्रयासों से पंजाब को पहली बार एशियन हॉकी चैंपियंस ट्रॉफी की मेजबानी: सरबजीत सिंह

CM भगवंत मान के प्रयासों से पंजाब को पहली बार एशियन हॉकी चैंपियंस ट्रॉफी की मेजबानी: सरबजीत सिंह

पंजाब की धरती ने देश को अनगिनत ओलंपियन और विश्वस्तरीय हॉकी खिलाड़ी दिए हैं, लेकिन अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक बड़े आयोजन की मेजबानी का इंतजार अब जाकर खत्म हुआ है। आम आदमी पार्टी (AAP) के वरिष्ठ नेता और खेल प्रमोटर सरबजीत सिंह ने जानकारी साझा करते हुए बताया कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के अथक प्रयासों और दूरगामी खेल नीति की बदौलत पंजाब को पहली बार प्रतिष्ठित एशियन हॉकी चैंपियंस ट्रॉफी की मेजबानी का ऐतिहासिक गौरव हासिल हुआ है। इस फैसले के बाद राज्यभर के खेल प्रेमियों, पूर्व अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों और युवा एथलीटों में भारी उत्साह की लहर दौड़ गई है।

मुख्यमंत्री मान की नई खेल नीति लाई रंग, बुनियादी ढांचे का हुआ कायाकल्प

सरबजीत सिंह ने कहा कि पिछली सरकारों की अनदेखी और उदासीनता के कारण पंजाब में अंतरराष्ट्रीय स्तर की खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन लगभग थम सा गया था। हालांकि, मान सरकार के सत्ता में आने के बाद खेलों को पुनर्जीवित करने के लिए मिशन मोड पर काम शुरू किया गया। राज्य सरकार द्वारा लागू की गई नई और प्रगतिशील खेल नीति ने पंजाब में खेल अवसंरचना को आधुनिक रूप दिया है। विश्वस्तरीय एस्ट्रोटर्फ मैदानों का निर्माण, फ्लडलाइट्स की व्यवस्था, खिलाड़ियों के लिए अत्याधुनिक जिम और अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप आवासीय सुविधाएं तैयार करने के ठोस कदमों ने एशियन हॉकी फेडरेशन को पंजाब पर भरोसा जताने के लिए प्रेरित किया।

'खेड़ां वतन पंजाब दीयां' से तैयार हुई मजबूत खेल संस्कृति

प्रेस को संबोधित करते हुए सरबजीत सिंह ने रेखांकित किया कि मुख्यमंत्री भगवंत मान ने जमीनी स्तर पर प्रतिभाओं को तराशने के लिए 'खेड़ां वतन पंजाब दीयां' जैसे बड़े खेल महोत्सव की शुरुआत की। इस अभियान ने राज्य के हर गांव, ब्लॉक और जिले से छिपी हुई प्रतिभाओं को मुख्यधारा में लाने का काम किया। उन्होंने कहा कि हॉकी पंजाब की रग-रग में बसी है। चाहे 1975 का विश्व कप हो या हालिया टोक्यो व पेरिस ओलंपिक में भारतीय टीम का शानदार प्रदर्शन, पंजाब के खिलाड़ियों ने हमेशा राष्ट्रीय तिरंगे का मान बढ़ाया है। अब इस महामुकाबले की मेजबानी मिलने से स्थानीय उभरते खिलाड़ियों को एशिया की शीर्ष टीमों और दिग्गज अंतरराष्ट्रीय सितारों को अपने ही घरेलू मैदान पर खेलते देखने और उनसे सीखने का सीधा अवसर मिलेगा।

पर्यटन, स्थानीय व्यापार और अंतरराष्ट्रीय पहचान को मिलेगा बड़ा बढ़ावा

सरबजीत सिंह के अनुसार, इस बहुराष्ट्रीय टूर्नामेंट के आयोजन से न केवल राज्य के खेल जगत को संजीवनी मिलेगी, बल्कि पंजाब के पर्यटन, आतिथ्य सत्कार (हॉस्पिटैलिटी) और स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी व्यापक गति मिलेगी। एशिया के कई प्रमुख देशों के खिलाड़ी, सहयोगी स्टाफ, मीडिया प्रतिनिधि और खेल प्रशंसक पंजाब पहुंचेंगे, जिससे दुनिया भर में पंजाब की एक सकारात्मक, सुरक्षित और जीवंत छवि स्थापित होगी। उन्होंने विश्वास जताया कि पंजाब सरकार इस पूरे आयोजन को अभूतपूर्व और यादगार बनाने के लिए सुरक्षा, परिवहन और आतिथ्य के सर्वोच्च अंतरराष्ट्रीय मानक सुनिश्चित करेगी, जिससे भविष्य में अन्य बड़े वैश्विक टूर्नामेंटों के लिए भी राज्य के द्वार खुलेंगे।