सचिन तेंदुलकर के फेवरेट बने ये 3 विदेशी बल्लेबाज: लिस्ट में 2 इंग्लिश धुरंधर और 1 ऑस्ट्रेलियाई स्टार शामिल

सचिन तेंदुलकर के फेवरेट बने ये 3 विदेशी बल्लेबाज: लिस्ट में 2 इंग्लिश धुरंधर और 1 ऑस्ट्रेलियाई स्टार शामिल

नई दिल्ली: क्रिकेट के इतिहास के सबसे महान बल्लेबाज और 'क्रिकेट के भगवान' कहे जाने वाले भारत रत्न सचिन तेंदुलकर जब भी क्रिकेट की तकनीक, फॉर्म या किसी खिलाड़ी की प्रतिभा पर अपनी राय रखते हैं, तो पूरी खेल बिरादरी उसे बेहद गंभीरता से सुनती है। हाल ही में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म रेडिट (Reddit) पर आयोजित अपने पहले इंटरैक्टिव 'आस्क मी एनीथिंग' (Ask Me Anything - AMA) सत्र के दौरान सचिन तेंदुलकर ने प्रशंसकों के कई दिलचस्प सवालों के खुलकर जवाब दिए। इसी सवाल-जवाब के सिलसिले में जब एक उत्साही क्रिकेट प्रेमी ने उनसे पूछा कि मौजूदा दौर में भारतीय खिलाड़ियों के अलावा अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में उनके सबसे पसंदीदा बल्लेबाज कौन हैं, तो मास्टर ब्लास्टर ने बिना किसी हिचकिचाहट के तीन विश्वस्तरीय बल्लेबाजों के नाम लेकर सबको चौंका दिया। सचिन की इस विशिष्ट पसंदीदा सूची में दो बल्लेबाज इंग्लैंड की मौजूदा टेस्ट व सीमित ओवरों की टीम से हैं, जबकि एक नाम ऑस्ट्रेलिया के आधुनिक टेस्ट लीजेंड का है। सचिन ने इंग्लैंड के पूर्व कप्तान जो रूट, युवा सनसनी हैरी ब्रूक और ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान स्टीव स्मिथ को आज के दौर का अपना पसंदीदा विदेशी बल्लेबाज बताया है।

1. जो रूट: सचिन के टेस्ट रिकॉर्ड्स के सबसे बड़े दावेदार पर मास्टर ब्लास्टर का भरोसा

सचिन तेंदुलकर की इस खास फेहरिस्त में सबसे पहला और स्वाभाविक नाम इंग्लैंड के 35 वर्षीय दिग्गज बल्लेबाज जो रूट का है। जो रूट पिछले कई सालों से टेस्ट क्रिकेट में असाधारण निरंतरता के साथ रन बना रहे हैं और 'फैब 4' (Fab Four) की सूची में टेस्ट प्रारूप के सबसे सफल बल्लेबाज बनकर उभरे हैं। टेस्ट क्रिकेट में 35 से अधिक शतक और 12,000 से अधिक रन बना चुके जो रूट को आधुनिक युग का सबसे तकनीकी रूप से सक्षम और शांत स्वभाव वाला बल्लेबाज माना जाता है। दिलचस्प बात यह है कि खेल विश्लेषकों का मानना है कि यदि कोई बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर के टेस्ट क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन (15,921 रन) बनाने के महारिकॉर्ड को तोड़ने के करीब पहुंच सकता है, तो वह केवल जो रूट ही हैं। जब सचिन से पूर्व में भी रूट के बारे में पूछा गया था, तो उन्होंने कहा था कि वह हमेशा से रूट की बल्लेबाजी तकनीक, बैकफुट पंच और स्पिनरों के खिलाफ स्वीप शॉट खेलने की क्षमता के मुरीद रहे हैं। पिच कैसी भी हो, रूट की गेंद को देर से खेलने (Playing Late) की महारत उन्हें दुनिया के हर कोने में कामयाब बनाती है, और यही वजह है कि सचिन आज भी उनकी बल्लेबाजी देखना सबसे ज्यादा पसंद करते हैं।

2. हैरी ब्रूक: इंग्लैंड की 'बैजबॉल' क्रांति के युवा पोस्टर बॉय का जलवा

सचिन की पसंदीदा सूची में दूसरा नाम इंग्लैंड क्रिकेट के युवा सुपरस्टार और आक्रामक मध्यक्रम बल्लेबाज हैरी ब्रूक का है। मात्र 27 वर्ष की उम्र में हैरी ब्रूक ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के तीनों प्रारूपों में जिस तूफानी अंदाज में अपनी पहचान बनाई है, उसने दुनिया भर के पूर्व क्रिकेटरों को अपना दीवाना बना दिया है। ब्रूक इंग्लैंड की आक्रामक 'बैजबॉल' शैली के सबसे घातक हथियार साबित हुए हैं। उन्होंने टेस्ट क्रिकेट में अपने करियर की शुरुआत में ही 60 से अधिक की औसत और लगभग 90 के स्ट्राइक रेट से रन बनाकर कई ऐतिहासिक रिकॉर्ड ध्वस्त कर दिए हैं। सचिन तेंदुलकर को हमेशा से ऐसे बल्लेबाजों की सराहना करते देखा गया है जो तकनीकी रूप से मजबूत होने के साथ-साथ मैच का रुख मोड़ने की आक्रामकता रखते हैं। ब्रूक की खूबी यह है कि वह पारंपरिक क्रिकेट शॉट्स के साथ-साथ आधुनिक 360-डिग्री स्ट्रोक्स खेलने में भी माहिर हैं। चाहे तेज रफ्तार बाउंसर हो या टर्न लेती गेंद, ब्रूक क्रीज की गहराई का इस्तेमाल करके विपक्षी कप्तानों की फील्डिंग तहस-नहस कर देते हैं। युवा पीढ़ी में सचिन द्वारा ब्रूक का नाम लिया जाना इस बात का प्रमाण है कि यह इंग्लिश बल्लेबाज आने वाले दशक में विश्व क्रिकेट पर राज करने का माद्दा रखता है।

3. स्टीव स्मिथ: लीक से हटकर तकनीक और रनों की अटूट भूख के प्रतीक

सचिन तेंदुलकर की इस तीन सदस्यीय विदेशी तिकड़ी में तीसरा और इकलौता ऑस्ट्रेलियाई नाम दिग्गज बल्लेबाज स्टीव स्मिथ का है। स्मिथ की बल्लेबाजी शैली किसी पारंपरिक कोचिंग मैनुअल से मेल नहीं खाती—उनका अनूठा शफल, खुला स्टांस और गेंद को खेलने के बाद अनोखा मूवमेंट अक्सर चर्चा का विषय रहता है। लेकिन इन सबके बावजूद टेस्ट क्रिकेट में उनका 58 से अधिक का औसत और 10,000 से ज्यादा रन यह साबित करते हैं कि क्रिकेट में अंतिम परिणाम और रन ही मायने रखते हैं। सचिन तेंदुलकर ने कई मौकों पर स्टीव स्मिथ के 'हैंड-आई कोऑर्डिनेशन' (हाथ और आंख के असाधारण समन्वय) और उनकी मानसिक दृढ़ता की तारीफ की है। स्मिथ क्रीज पर घंटों बल्लेबाजी करने के दौरान अपनी एकाग्रता को कभी भंग नहीं होने देते। खासकर भारत, इंग्लैंड और दक्षिण अफ्रीका की कठिन पिचों पर जब गेंद स्विंग या टर्न हो रही होती है, तब स्मिथ का रक्षात्मक खेल और अपनी विकेट पर डटे रहने का जज्बा उन्हें असाधारण बल्लेबाज बनाता है। सचिन खुद अपने खेल के दिनों में मानसिक एकाग्रता को सर्वोच्च प्राथमिकता देते थे, इसलिए स्मिथ का यह जुझारूपन सचिन के दिल को छू जाता है।

मॉडर्न डे क्रिकेट और सचिन तेंदुलकर की बारीक क्रिकेटिंग दृष्टि

मास्टर ब्लास्टर द्वारा चुने गए इन तीनों नामों का अगर गहराई से विश्लेषण किया जाए, तो यह स्पष्ट होता है कि सचिन तेंदुलकर केवल टी20 की अंधाधुंध हिटिंग के प्रशंसक नहीं हैं, बल्कि वे उन खिलाड़ियों को तरजीह देते हैं जिनके पास खेल की बुनियादी समझ, अनुकूलनशीलता (Adaptability) और विभिन्न परिस्थितियों में खुद को ढालने की क्षमता है। एक तरफ जहां जो रूट क्लासिकल और निरंतरता के प्रतीक हैं, वहीं स्टीव स्मिथ अप्रत्याशित तकनीक और मजबूत मानसिकता का उदाहरण हैं, और हैरी ब्रूक निडर युवा ऊर्जा और आक्रामकता का प्रतिनिधित्व करते हैं। यह संयोजन दर्शाता है कि सचिन आज भी क्रिकेट को उसकी शुद्धतम भावना और विविधता के साथ देखते हैं। रेडिट पर सचिन का यह संक्षिप्त जवाब सामने आते ही सोशल मीडिया पर वायरल हो गया और दुनिया भर के क्रिकेट विशेषज्ञों ने इसे आधुनिक क्रिकेट के तीन सबसे प्रभावशाली बल्लेबाजों का सटीक चयन करार दिया है।

भारतीय दिग्गजों में रोहित शर्मा और विराट कोहली के प्रति भी जताया था सम्मान

इस ऑनलाइन इंटरैक्शन के दौरान जब प्रशंसकों ने उनसे पूछा कि क्या वह केवल विदेशी बल्लेबाजों को ही करीब से देख रहे हैं, तो चर्चा भारतीय दिग्गजों पर भी मुड़ गई। हालांकि इस विशिष्ट सवाल में प्रशंसक ने केवल 'गैर-भारतीय' (Non-Indian) बल्लेबाजों के बारे में पूछा था, इसलिए सचिन ने इन तीन विदेशी धुरंधरों के नाम लिए। इससे पहले सचिन तेंदुलकर कई बार कह चुके हैं कि मौजूदा भारतीय टीम में रोहित शर्मा की सहज टाइमिंग और विराट कोहली की लक्ष्य का पीछा करने की असाधारण भूख उन्हें हमेशा रोमांचित करती है। इसके अलावा शुभमन गिल और यशस्वी जायसवाल जैसे उभरते हुए युवा भारतीय बल्लेबाजों की प्रतिभा को भी वह भविष्य के लिए अमूल्य मान चुके हैं। लेकिन विदेशी खिलाड़ियों के बीच जब बात आती है, तो रूट, स्मिथ और ब्रूक की यह तिकड़ी निश्चित रूप से क्रिकेट के महानायक की पहली पसंद बनी हुई है।