'अतीक के बेटे जेल से बाहर आएंगे तब भुगतोगी अंजाम', उमेश पाल की पत्नी जया को सोशल मीडिया पर धमकी

'अतीक के बेटे जेल से बाहर आएंगे तब भुगतोगी अंजाम', उमेश पाल की पत्नी जया को सोशल मीडिया पर धमकी

उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में बहुचर्चित अधिवक्ता उमेश पाल हत्याकांड मामले में अदालत में गवाही और सुनवाई के बीच एक बार फिर सनसनीखेज मामला सामने आया है। स्वर्गीय उमेश पाल की पत्नी और मामले की मुख्य वादी जया पाल को सोशल मीडिया पर खुलेआम जान से मारने और आरडीएक्स से उड़ाने की खौफनाक धमकियां दी जा रही हैं। धमकियों में माफिया अतीक अहमद के जेल में बंद बेटों (उमर और अली) का नाम लेते हुए कहा गया है कि जिस दिन वे जेल की सलाखों से बाहर आएंगे, उस दिन जया पाल और उनके परिवार को इसका भीषण अंजाम भुगतना पड़ेगा। मंगलवार को विशेष अदालत में अपना बयान दर्ज कराने पहुंचीं जया पाल ने मीडिया और पुलिस अधिकारियों के सामने अपनी व अपने परिवार की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता जाहिर की है। उन्होंने इन सभी धमकी भरे संदेशों के स्क्रीनशॉट के साथ प्रयागराज के धूमनगंज थाने में लिखित तहरीर देकर सख्त कानूनी कार्रवाई की गुहार लगाई है।

'जिस दिन अली बाहर आएगा, आरडीएक्स से उड़ा देंगे': सोशल मीडिया पर मिला संदेश

जया पाल के अनुसार उनके इंस्टाग्राम और अन्य सोशल मीडिया खातों पर अतीक अहमद गिरोह से जुड़े तत्वों और समर्थकों द्वारा लगातार आपत्तिजनक टिप्पणियां और जानलेवा धमकियां भेजी जा रही हैं। एक धमकी भरे संदेश में लिखा गया कि 'जिस दिन अली बाहर आएगा, उस दिन तुम्हारे घर में आरडीएक्स डाला जाएगा और जैसे पति को दिनदहाड़े मारा गया था, ठीक वैसा ही अंजाम तुम्हारा भी होगा'। जया पाल ने कहा कि केवल ऑनलाइन धमकियां ही नहीं, बल्कि अतीक गैंग के सक्रिय गुर्गे उनके घर के आसपास रेकी भी कर रहे हैं। उन्होंने अपने पास मौजूद धमकियों के स्क्रीनशॉट और सीसीटीवी फुटेज पुलिस व अदालत के समक्ष प्रस्तुत किए हैं।

कोर्ट में बयान देते समय रो पड़ीं जया पाल, बिगड़ गई तबीयत

प्रयागराज की विशेष अदालत (एससी/एसटी एक्ट) में मंगलवार को उमेश पाल हत्याकांड के आरोपितों के खिलाफ ट्रायल के तहत सुनवाई चल रही थी। विशेष न्यायाधीश कुमार मयंक की अदालत में बचाव पक्ष के अधिवक्ता द्वारा जब जया पाल से जिरह की जा रही थी और उनसे पूछा गया कि 24 फरवरी 2023 को हत्या के बाद उनके पति का शव घटनास्थल से कितनी देर बाद उठाया गया था, तो वे अपने आंसुओं को रोक नहीं पाईं। अपने पति की नृशंस हत्या का स्मरण होते ही जया पाल कोर्ट रूम में फूट-फूटकर रोने लगीं। इस दौरान उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई और वे आगे के सवालों का जवाब देने की स्थिति में नहीं रहीं। उनकी शारीरिक और मानसिक स्थिति को देखते हुए अदालत ने आगे की जिरह स्थगित कर दी और मामले की अगली सुनवाई के लिए 11 सितंबर की तारीख मुकर्रर की है।

पुलिस से पूछा सीधा सवाल: 'गुड्डू मुस्लिम, साबिर और अरमान अब तक फरार क्यों?'

अदालत परिसर के बाहर संवाददाताओं से बातचीत करते हुए जया पाल ने पुलिस और जांच एजेंसियों की कार्रवाई पर भी सवाल उठाए। उन्होंने भावुक होते हुए पूछा कि दिनदहाड़े बम फेंकने वाला गुड्डू मुस्लिम, शूटर साबिर और अरमान जैसे पांच-पांच लाख के इनामी अपराधी घटना के इतने महीने बीत जाने के बाद भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर क्यों हैं? उन्होंने कहा कि जब तक अतीक की इनामी पत्नी शाइस्ता परवीन और फरार शूटर पकड़े नहीं जाते, तब तक उनके परिवार पर लगातार मौत का साया मंडराता रहेगा। जया पाल ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और पुलिस कमिश्नर से अपनी सुरक्षा व्यवस्था और पुख्ता करने की अपील की है।

पुलिस कमिश्नर से मुलाकात, धूमनगंज थाने में दी तहरीर

कोर्ट से निकलने के बाद जया पाल ने प्रयागराज के पुलिस कमिश्नर से मुलाकात की और अपनी सुरक्षा को लेकर प्रार्थना पत्र सौंपा। इसके बाद वे धूमनगंज थाने पहुंचीं और अज्ञात धमकी देने वाले सोशल मीडिया अकाउंट धारकों के खिलाफ नामजद और सुसंगत धाराओं में केस दर्ज करने के लिए तहरीर दी। डीसीपी नगर सागर जैन ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि तहरीर प्राप्त हो चुकी है। साइबर क्राइम सेल और पुलिस की संयुक्त टीम सोशल मीडिया प्रोफाइल्स के आईपी एड्रेस और लोकेशन की तकनीकी जांच कर रही है। अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि दोषियों की शीघ्र पहचान कर उनके खिलाफ सख्त विधिक कार्रवाई की जाएगी और वादी की सुरक्षा में किसी भी प्रकार की कोताही नहीं बरती जाएगी।

24 फरवरी 2023 को हुई थी उमेश पाल की हत्या, जेल में हैं अतीक के दो बेटे

उल्लेखनीय है कि 24 फरवरी 2023 को प्रयागराज के धूमनगंज इलाके में अधिवक्ता उमेश पाल और उनके दो सरकारी सुरक्षाकर्मियों (गनर्स) की गोली और बम मारकर दिनदहाड़े हत्या कर दी गई थी। उमेश पाल 2005 के चर्चित बसपा विधायक राजू पाल हत्याकांड के मुख्य गवाह थे। इस वारदात में माफिया अतीक अहमद, उसके भाई अशरफ, बेटे असद और शूटरों को नामजद किया गया था। बाद में असद पुलिस मुठभेड़ में मारा गया, जबकि अतीक और अशरफ की पुलिस कस्टडी में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। वर्तमान में अतीक का बड़ा बेटा उमर लखनऊ जेल में और दूसरा बेटा अली प्रयागराज की नैनी जेल में विभिन्न मुकदमों में बंद है। अब अतीक के इन्हीं दोनों बेटों के नाम से उमेश पाल की पत्नी को धमकाने का नया विवाद खड़ा हो गया है।