'राहुल गांधी का हनुमान हूं, ब्रह्म वचन है साथ नहीं छोड़ूंगा': यूपी कांग्रेस अध्यक्ष पद से हटने के बाद बोले अजय राय
उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी की कमान आराधना मिश्रा 'मोना' को सौंपे जाने के बाद पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने पार्टी आलाकमान के फैसले का खुले दिल से स्वागत किया है। वाराणसी स्थित अपने आवास पर मीडिया से बातचीत करते हुए उन्होंने राहुल गांधी, सोनिया गांधी, प्रियंका गांधी और राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे का आभार जताया। अजय राय ने कहा कि वह हमेशा कांग्रेस नेतृत्व के आभारी रहेंगे कि पार्टी ने मुझ जैसे सामान्य कार्यकर्ता पर भरोसा जताते हुए प्रदेश अध्यक्ष की जिम्मेदारी दी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ वाराणसी से चुनाव लड़ाने का मौका दिया।
उन्होंने स्पष्ट किया कि उन्होंने खुद इस्तीफा नहीं दिया था और न ही उनसे कोई इस्तीफा मांगा गया था। राजनीति में पद आते-जाते रहते हैं और कोई भी कुर्सी स्थाई नहीं होती। उन्होंने अपने पूरे कार्यकाल के दौरान संगठन को मजबूत करने और सड़क पर उतरकर कार्यकर्ताओं के हक में आवाज उठाने के अपने कर्तव्य को पूरी निष्ठा के साथ निभाया है।
'राहुल गांधी का हनुमान हूं': जनेऊ दिखाते हुए बोले- मरते दम तक साथ निभाऊंगा
कांग्रेस से नाराजगी या बगावत की अटकलों पर विराम लगाते हुए अजय राय ने बेहद आक्रामक और भावनात्मक रुख अपनाया। उन्होंने अपना जनेऊ दिखाते हुए कहा कि यह उनका ब्रह्म वचन है कि वे मरते दम तक राहुल गांधी और कांग्रेस का साथ नहीं छोड़ेंगे। उन्होंने खुद को राहुल गांधी का 'हनुमान' बताते हुए कहा कि नेता का जहां आदेश होगा, वे पूरी निष्ठा के साथ वहीं डटकर खड़े रहेंगे।
अजय राय ने याद दिलाया कि वाराणसी लोकसभा चुनाव में शीर्ष नेतृत्व से मिली ताकत के दम पर ही उन्होंने 4 लाख 60 हजार से अधिक वोट हासिल किए और कई राउंड की गिनती में प्रधानमंत्री को भी पीछे छोड़ा था। उन्होंने कहा कि काशी की जनता और बाबा विश्वनाथ के आशीर्वाद से उनकी लड़ाई आगे भी जारी रहेगी और वे सिद्धांतों व स्वाभिमान से कभी समझौता नहीं करेंगे।
नई अध्यक्ष आराधना मिश्रा को शुभकामनाएं और कार्यकर्ताओं के सम्मान की अपील
अजय राय ने नई प्रदेश अध्यक्ष आराधना मिश्रा 'मोना' और कार्यकारी अध्यक्ष इमरान मसूद समेत सभी नवनियुक्त पदाधिकारियों को बधाई दी। आराधना मिश्रा की तारीफ करते हुए उन्होंने कहा कि वह तीन बार की अनुभवी विधायक हैं और उनका परिवार यूपी की सियासत में लंबे समय से प्रभावी रहा है। उन्होंने भरोसा जताया कि नया नेतृत्व पार्टी को नई ऊर्जा देगा और 2027 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस और इंडिया गठबंधन मजबूती से सरकार बनाएगी।
इसके साथ ही उन्होंने नई अध्यक्ष से यह भी अपील की कि कार्यकर्ताओं का स्वाभिमान और भरोसा पहली प्राथमिकता होनी चाहिए। अजय राय ने कहा कि उनके कार्यकाल में कार्यकर्ताओं को यह भरोसा था कि किसी भी जुल्म या अन्याय के खिलाफ प्रदेश अध्यक्ष उनके साथ खड़ा रहता है, यह विश्वास आगे भी बना रहना चाहिए ताकि कोई कार्यकर्ता खुद को अकेला महसूस न करे।
कार्यकर्ताओं से एकजुट रहने का आह्वान और भाजपा पर कड़ा हमला
अजय राय ने राज्यभर के पार्टी कार्यकर्ताओं से किसी भी प्रकार का असंतोष न पालने और आगामी 2027 चुनाव की तैयारी में पूरी ताकत से जुटने की अपील की। उन्होंने कहा कि सभी कार्यकर्ता एक परिवार की तरह हैं और संगठन को आगे बढ़ाना ही सर्वोच्च लक्ष्य है।
इस दौरान अजय राय ने उत्तर प्रदेश की योगी सरकार और भाजपा पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में विकास के बड़े-बड़े दावे पूरी तरह खोखले साबित हुए हैं। गोरखपुर जैसे शहरों का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि वहां के जनप्रतिनिधियों ने स्पेन बनाने की बातें कही थीं, लेकिन हल्की बारिश में ही जनता के घरों में पानी घुस जाता है। उन्होंने कहा कि जनता भाजपा के कुशासन से त्रस्त आ चुकी है और कांग्रेस सड़कों पर उतरकर जनता की लड़ाई लड़ती रहेगी।