₹550 करोड़ की मेगा डील के बाद 15% उछला Inox Green का शेयर, एक्सपर्ट्स ने बताया नया टारगेट और स्टॉप-लॉस

₹550 करोड़ की मेगा डील के बाद 15% उछला Inox Green का शेयर, एक्सपर्ट्स ने बताया नया टारगेट और स्टॉप-लॉस

भारतीय शेयर बाजार में शुक्रवार 9 अक्टूबर को रिन्यूएबल ऑपरेशंस एंड मेंटेनेंस (O&M) सेक्टर की प्रमुख कंपनी आइनॉक्स ग्रीन एनर्जी सर्विसेज (Inox Green Energy Services Ltd) के शेयरों में तूफानी तेजी दर्ज की गई। कंपनी द्वारा एक्सचेंज फाइलिंग में औपचारिक घोषणा की गई कि उसने विंड वर्ल्ड (इंडिया) लिमिटेड (WWIL) के 4.5 गीगावाट (GW) विंड ओएंडएम कारोबार के अधिग्रहण के लिए ₹550 करोड़ (करों सहित) का पूर्ण भुगतान पूरा कर लिया है। यह अधिग्रहण इनॉक्स ग्रीन की सब्सिडियरी विभव एनर्जी प्राइवेट लिमिटेड (VEPL) के जरिए बिजनेस ट्रांसफर एग्रीमेंट (BTA) और नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल (NCLT) द्वारा मंजूर रिजॉल्यूशन प्लान के तहत पूरा किया गया है। इस अधिग्रहण के बाद विभव एनर्जी में इनॉक्स ग्रीन की 75% हिस्सेदारी होगी, जिससे अधिग्रहित कारोबार का वित्तीय परिणाम सीधे कंपनी की बैलेंस शीट में समेकित (कंसोलिडेट) होगा।

बाजार में 15% की छलांग, ₹131.80 के इंट्राडे हाई पर पहुंचा शेयर

जैसे ही ₹550 करोड़ के इस ऐतिहासिक अधिग्रहण के पूरे होने की पुष्टि हुई, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) और बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) पर निवेशकों की आक्रामक लिवाली शुरू हो गई। शेयर शुक्रवार सुबह ₹117.04 पर खुला और देखते ही देखते 15% से अधिक की छलांग लगाकर ₹131.80 के इंट्राडे हाई पर पहुंच गया। बाजार जानकारों का मानना है कि इस अधिग्रहण से इनॉक्स ग्रीन का कुल मैनेज्ड पोर्टफोलियो बढ़कर करीब 13 GW के स्तर पर पहुंच जाएगा, जिससे कंपनी को सालाना आधार पर मजबूत और स्थिर कैश फ्लो (Turnover) हासिल होगा। इसके अलावा, कच्चे तेल की ऊंची कीमतों के कारण रिन्यूएबल व ग्रीन एनर्जी कंपनियों की मांग में आ रहा उछाल भी शेयर की रैली को सपोर्ट कर रहा है।

मार्केट एक्सपर्ट्स की राय: मौजूदा निवेशकों के लिए टारगेट और स्टॉप-लॉस

केसी सिक्योरिटीज (KC Securities) के रिसर्च वाइस प्रेसिडेंट महेश एम. ओझा के अनुसार, कंपनी के इस बड़े कैपेक्स विस्तार और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर क्रूड ऑयल के ऊंचे भावों से रिन्यूएबल एनर्जी सेक्टर को सीधा लाभ मिल रहा है। उन्होंने मौजूदा शेयरधारकों को स्टॉक होल्ड रखने की सलाह दी है। ओझा के मुताबिक, पहले से निवेशित निवेशकों को ₹116 के नीचे स्टॉप-लॉस बनाए रखना चाहिए। उन्होंने निकट अवधि (Immediate Term) के लिए ₹146 और ₹155 का टारगेट प्राइस तय किया है।

नए खरीदारों के लिए रणनीति: ब्रेकआउट के बाद कहां करें एंट्री?

च्वाइस ब्रोकिंग (Choice Broking) के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर सुमीत बगड़िया ने नए निवेशकों को ब्रेकआउट के बाद ही नई पोजीशन बनाने की रणनीति सुझाई है। बगड़िया का कहना है कि फ्रेश खरीदारी करने वाले निवेशकों को ₹135 के स्तर से ऊपर टिकने पर ही एंट्री लेनी चाहिए। ऊपर की तरफ उन्होंने स्टॉक के लिए ₹160 और ₹170 के अपसाइड टारगेट दिए हैं। साथ ही, किसी भी संभावित गिरावट या उतार-चढ़ाव से जोखिम को सीमित रखने के लिए उन्होंने नए खरीदारों को ₹115 पर सख्त स्टॉप-लॉस (Strict Stop-loss) बनाए रखने की स्पष्ट सलाह दी है।

(डिस्क्लेमर: यह रिपोर्ट केवल बाजार की ताजा गतिविधियों और विशेषज्ञों के अनुमानों पर आधारित सूचनात्मक सामग्री है। शेयर बाजार में कोई भी निवेश करने से पहले अपने पंजीकृत वित्तीय सलाहकार की सलाह अवश्य लें।)