रवींद्र जडेजा ने IND vs WI वनडे में रचा नया इतिहास: कर्टनी वॉल्श का 27 साल पुराना रिकॉर्ड ध्वस्त

रवींद्र जडेजा ने IND vs WI वनडे में रचा नया इतिहास: कर्टनी वॉल्श का 27 साल पुराना रिकॉर्ड ध्वस्त

भारतीय क्रिकेट टीम के स्टार ऑलराउंडर रवींद्र जडेजा ने अपनी जादुई फिरकी के दम पर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट की रिकॉर्ड बुक में एक और सुनहरा अध्याय जोड़ दिया है। भारत और वेस्टइंडीज के बीच खेले जाने वाले एकदिवसीय (ODI) मुकाबलों के इतिहास में जडेजा अब सबसे सफल गेंदबाज बन गए हैं। कैरेबियाई टीम के खिलाफ अपनी शानदार गेंदबाजी का सिलसिला जारी रखते हुए जडेजा ने वेस्टइंडीज के महान तेज गेंदबाज कर्टनी वॉल्श का लगभग 27 साल पुराना ऐतिहासिक रिकॉर्ड पूरी तरह ध्वस्त कर दिया है। दोनों देशों के बीच हुए वनडे मुकाबलों में अब सबसे ज्यादा विकेट चटकाने का सर्वकालिक ताज 'सर जडेजा' के सिर सज चुका है।

27 साल बाद टूटा वॉल्श का तिलिस्म, जडेजा पहुंचे शिखर पर

कर्टनी वॉल्श ने 1988 से लेकर 1999 के दौर में भारत के खिलाफ वनडे में घातक गेंदबाजी करते हुए 38 मैचों में 44 विकेट हासिल किए थे। पिछले 27 सालों से कोई भी भारतीय या वेस्टइंडीयन गेंदबाज वॉल्श के इस आंकड़े को पार नहीं कर पाया था।

रवींद्र जडेजा ने वेस्टइंडीज के खिलाफ अपने 30वें वनडे मुकाबले में उतरते ही यह ऐतिहासिक कारनामा कर दिखाया:

  • रिकॉर्ड तोड़ विकेट: जडेजा ने जैसे ही अपना 45वां शिकार बनाया, वे भारत-वेस्टइंडीज वनडे इतिहास में सर्वाधिक विकेट लेने वाले दुनिया के नंबर-1 गेंदबाज बन गए।

  • अनिल कुंबले और कपिल देव छूटे पीछे: इससे पहले भारतीयों में यह रिकॉर्ड महान लेग स्पिनर अनिल कुंबले (41 विकेट) और पूर्व विश्व विजेता कप्तान कपिल देव (43 विकेट) के नाम दर्ज था। जडेजा ने इन दोनों दिग्गजों को पीछे छोड़ते हुए वॉल्श का सर्वकालिक रिकॉर्ड भी अपने नाम कर लिया।

IND vs WI वनडे में सर्वाधिक विकेट लेने वाले टॉप-5 गेंदबाज

गेंदबाज का नाम देश खेले गए मैच कुल विकेट
रवींद्र जडेजा भारत 30 45+
कर्टनी वॉल्श वेस्टइंडीज 38 44
कपिल देव भारत 42 43
अनिल कुंबले भारत 26 41
मोहम्मद शमी भारत 18 37

कैरेबियाई बल्लेबाजों के लिए हमेशा अबूझ पहेली रहे हैं जडेजा

वेस्टइंडीज के खिलाफ रवींद्र जडेजा का रिकॉर्ड हमेशा से ही असाधारण रहा है। चाहे मुकाबला भारतीय पिचों पर हो या कैरेबियाई सरजमीं के धीमे विकेटों पर, जडेजा की सटीक लाइन-लेंथ, स्टंप-टू-स्टंप गेंदबाजी और आर्म बॉल के सामने विंडीज बल्लेबाज लगातार संघर्ष करते नजर आए हैं।

  • किफायती गेंदबाजी: वेस्टइंडीज के खिलाफ जडेजा का इकॉनमी रेट 4.80 से भी नीचे रहा है, जो आधुनिक सफेद गेंद क्रिकेट में किसी भी स्पिनर के लिए बेहतरीन माना जाता है।

  • मैच विनिंग प्रदर्शन: जडेजा ने विंडीज टीम के खिलाफ कई मौकों पर 4 और 5 विकेट हॉल अपने नाम किए हैं। उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन 5/36 रहा है, जिसने भारतीय टीम को यादगार जीत दिलाई थी।

गेंदबाजी के साथ-साथ फील्डिंग और बल्ले में भी अव्वल

जडेजा की यह उपलब्धि सिर्फ उनकी गेंदबाजी कौशल को ही नहीं, बल्कि एक दशक से अधिक समय तक अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में उनकी निरंतरता और फिटनेस को भी साबित करती है। वेस्टइंडीज के खिलाफ न केवल गेंद से, बल्कि मैदान पर चीते जैसी फुर्ती से रन बचाने और जरूरत पड़ने पर निचले क्रम में उपयोगी रन बनाने में भी उनका योगदान बेजोड़ रहा है।

क्रिकेट पंडितों का मानना है कि 2027 वनडे वर्ल्ड कप तक अपनी फिटनेस बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध जडेजा का यह नया कीर्तिमान आने वाले कई दशकों तक सुरक्षित रहने वाला है, क्योंकि मौजूदा दौर में भारत-वेस्टइंडीज द्विपक्षीय सीरीज की संख्या सीमित होती जा रही है।