'चाय की चुस्की पर गरमाई भोजपुरी की धरती!' एल्विश यादव और निरहुआ के बीच सेट पर तीखी बहस, 'सिस्टम' और 'देसी ठाठ' की तकरार का वीडियो वायरल होते ही मचा भारी बवाल

'चाय की चुस्की पर गरमाई भोजपुरी की धरती!' एल्विश यादव और निरहुआ के बीच सेट पर तीखी बहस, 'सिस्टम' और 'देसी ठाठ' की तकरार का वीडियो वायरल होते ही मचा भारी बवाल

सोशल मीडिया और भोजपुरी फिल्म इंडस्ट्री के गलियारों से एक बेहद चौंकाने वाला और गरमा-गरम मामला सामने आया है, जिसने इंटरनेट की दुनिया में सनसनी फैला दी है। डिजिटल दुनिया के सबसे चर्चित और विवादित कंटेंट क्रिएटर एल्विश यादव और भोजपुरी सिनेमा के जुबली स्टार व राजनेता दिनेश लाल यादव 'निरहुआ' के बीच एक शूटिंग सेट पर तीखी नोकझोंक और खींचतान देखने को मिली है। प्रत्यक्षदर्शियों और सामने आए वीडियो फुटेज के अनुसार, यह पूरा विवाद किसी बड़ी कहानी या स्क्रिप्ट को लेकर नहीं, बल्कि सेट पर मिलने वाली 'चाय' और बातचीत के लहजे को लेकर शुरू हुआ, जिसने देखते ही देखते दोनों सितारों के बीच माहौल को बेहद तनावपूर्ण बना दिया।

उत्तर प्रदेश के वाराणसी, आजमगढ़, लखनऊ और बिहार के पटना समेत पूरे हिंदी बेल्ट में यह वीडियो क्लिप आग की तरह फैल रही है। एक तरफ जहां एल्विश यादव का अपना एक विशाल युवा फैनबेस (एल्विश आर्मी) है, वहीं दूसरी तरफ निरहुआ पिछले दो दशकों से पूर्वांचल और बिहार के करोड़ों दर्शकों के दिलों पर राज करने वाले जननायक माने जाते हैं। ऐसे में इन दोनों अलग-अलग क्षेत्रों और शैलियों के दिग्गजों का आपस में भिड़ जाना न केवल भोजपुरी सिनेमा बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर सोशल मीडिया की सबसे बड़ी हेडलाइन बन चुका है।

'सिस्टम' बनाम 'पूर्वांचल का देसी ठाठ': कैसे शुरू हुई चाय पर खींचतान?

इस हाई-वोल्टेज ड्रामे की शुरुआत एक आगामी म्यूजिक वीडियो या बड़े प्रोजेक्ट की शूटिंग के ब्रेक के दौरान हुई। बताया जा रहा है कि सेट पर ब्रेक के समय दोनों कलाकार अपने-अपने क्रू और साथियों के साथ मौजूद थे। इसी दौरान चाय परोसी गई। सूत्रों के मुताबिक, एल्विश यादव ने अपने चिर-परिचित हरियाणवी और व्यंग्यात्मक लहजे में चाय के स्वाद, गुणवत्ता और परोसने के तरीके को लेकर कुछ मजाकिया और चुभने वाली टिप्पणियां कर दीं।

एल्विश द्वारा कही गई यह बात भोजपुरी के दिग्गज अभिनेता दिनेश लाल यादव निरहुआ को नागवार गुजरी। निरहुआ, जो अपनी जमीन से जुड़ी संस्कृति, मेहमाननवाजी और देसी संस्कारों के लिए जाने जाते हैं, ने एल्विश के उस बेपरवाह अंदाज पर तुरंत आपत्ति जताई। निरहुआ ने कड़े शब्दों में कहा कि पूर्वांचल की धरती पर जो प्यार और सम्मान से मिलता है, उसका मजाक नहीं उड़ाया जाता। इसके बाद दोनों के बीच बातचीत का स्तर ऊंचा होता गया और शब्दों के तीर चलने लगे। जहां एल्विश अपने 'सिस्टम' और बेबाक रवैये पर अड़े दिखे, वहीं निरहुआ ने भी अपने सीनियर होने और जमीन के आत्मसम्मान का हवाला देते हुए दो-टूक जवाब दिया।

क्रू मेंबर्स के छूटे पसीने: जब बहस में तब्दील हुआ ऑन-कैमरा ड्रामा

वायरल क्लिप में देखा जा सकता है कि कैसे एक सामान्य सी बात पर शुरू हुई बहस कुछ ही मिनटों में गरमा-गरम बहस में बदल गई। सेट पर मौजूद डायरेक्टर, प्रोड्यूसर और असिस्टेंट डायरेक्टर्स की सांसें अटक गईं क्योंकि दोनों ही अपने-अपने क्षेत्रों के बहुत बड़े नाम हैं और किसी का भी गुस्सा शूटिंग को भारी नुकसान पहुंचा सकता था।

वीडियो में निरहुआ को अपनी कुर्सी से उठकर गंभीर मुद्रा में एल्विश की ओर मुखातिब होते देखा जा सकता है, जबकि एल्विश भी अपने दोनों हाथ बांधकर तीखे तेवर में जवाब देते नजर आ रहे हैं। बैकग्राउंड में क्रू के लोग दोनों को शांत कराने और बात को रफा-दफा करने की कोशिश करते सुनाई दे रहे हैं। कुछ पलों के लिए सेट पर ऐसा सन्नाटा छा गया मानो दोनों के बीच हाथापाई या बड़ा विवाद हो जाएगा। हालांकि, आसपास मौजूद वरिष्ठ सहयोगियों ने तुरंत बीच-बचाव किया और दोनों को अलग-अलग वैनिटी वैन की तरफ ले जाया गया ताकि स्थिति और न बिगड़े।

हरियाणा से लेकर यूपी-बिहार तक सोशल मीडिया पर जंग: फैंस हुए आमने-सामने

जैसे ही इस झड़प का वीडियो एक्स (पूर्व में ट्विटर), इंस्टाग्राम रील्स और यूट्यूब शॉट्स पर पोस्ट हुआ, दोनों सितारों के फैंस आपस में भिड़ गए। सोशल मीडिया पर एक तरह से हरियाणा बनाम पूर्वांचल का डिजिटल वॉर शुरू हो गया।

एल्विश यादव के समर्थकों का तर्क है कि एल्विश हमेशा से अपने सीधे, बिंदास और बिना लाग-लपेट के बोलने वाले अंदाज के लिए जाने जाते हैं और उन्होंने केवल एक सामान्य बात कही थी जिसे बेवजह तूल दिया गया। वहीं दूसरी ओर, निरहुआ और भोजपुरी संस्कृति के प्रशंसकों का कहना है कि किसी भी कलाकार को अपने से वरिष्ठ और क्षेत्रीय दिग्गज का सम्मान करना सीखना चाहिए। सोशल मीडिया पर कई यूजर्स ने लिखा कि निरहुआ ने भोजपुरी सिनेमा को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाई है, इसलिए उनके सामने इस तरह का बचकाना और आक्रामक व्यवहार कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। मीम्स और रील्स के जरिए यह विवाद घंटों के भीतर टॉप ट्रेंड्स में शामिल हो गया।

रील लाइफ पब्लिसिटी स्टंट या असली नाराजगी? सच्चाई से उठा पर्दा

इंटरनेट पर मचे इस जबर्दस्त बवाल के बीच एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री के कई जानकारों ने इस पूरे विवाद के पीछे की टाइमिंग और मकसद पर भी सवाल खड़े किए हैं। आज के डिजिटल और पीआर संचालित दौर में अक्सर बड़े प्रोजेक्ट्स, गानों या कोलैबोरेशंस को रिलीज करने से पहले इस तरह के 'कथित झगड़ों' और ऑन-सेट लड़ाइयों के वीडियो जानबूझकर लीक किए जाते हैं ताकि जनता का ध्यान पूरी तरह प्रोजेक्ट की तरफ खींचा जा सके।

चर्चाएं यह भी हैं कि क्या एल्विश और निरहुआ सचमुच किसी चाय के मुद्दे पर आपस में भिड़ गए थे, या फिर यह उनके किसी आगामी धाकड़ गाने या वेब प्रोजेक्ट का कोई प्रमोशनल सीन था जिसे रीयल बनाकर सोशल मीडिया पर डाल दिया गया। भोजपुरी सिनेमा में इन दिनों उत्तर भारत के बड़े इन्फ्लुएंसर्स के साथ बड़े पैमाने पर काम करने का नया ट्रेंड चल रहा है, और एल्विश यादव की पूर्वांचल में एंट्री अपने आप में एक बड़ा कमर्शियल कदम माना जा रहा है।

चाहे यह विवाद पूरी तरह असली हो या फिर किसी चतुर मार्केटिंग रणनीति का हिस्सा, एक बात तो बिल्कुल तय है कि चाय की एक प्याली ने हरियाणा के 'सिस्टम' और पूर्वांचल के 'देसी भौकाल' को एक ही फ्रेम में लाकर खड़ा कर दिया है। अब हर किसी की नजरें दोनों सितारों की आधिकारिक प्रतिक्रिया पर टिकी हैं कि क्या वे इस विवाद पर खुलकर अपनी बात रखते हैं या फिर यह बवाल किसी नए ब्लॉकबस्टर प्रोजेक्ट के टीजर के साथ शांत होता है।