बांग्लादेश सरकार पर शेख हसीना के बयानों से भारत का किनारा: विदेश मंत्रालय ने साफ कहा, 'हम उनके निजी विचारों का समर्थन नहीं करते'

बांग्लादेश सरकार पर शेख हसीना के बयानों से भारत का किनारा: विदेश मंत्रालय ने साफ कहा, 'हम उनके निजी विचारों का समर्थन नहीं करते'

नई दिल्ली में हाल ही में आयोजित एक मीडिया कार्यक्रम के दौरान बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना के वर्चुअल संबोधन और उनके द्वारा मौजूदा बांग्लादेश सरकार को लेकर दिए गए बयानों पर भारत के विदेश मंत्रालय (MEA) ने आधिकारिक स्थिति स्पष्ट कर दी है। भारत सरकार ने साफ शब्दों में कहा है कि इस तरह के आयोजनों से उसका कोई लेना-देना नहीं है और न ही सरकार वहां व्यक्त किए जाने वाले किसी भी विचार का समर्थन करती है।

निजी संस्था द्वारा आयोजित कार्यक्रम से भारत ने बनाई दूरी

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने स्पष्ट किया कि नई दिल्ली में हुआ यह मीडिया इंटरेक्शन किसी सरकारी कार्यक्रम का हिस्सा नहीं था, बल्कि इसे एक निजी संस्था या मीडिया इकाई द्वारा आयोजित किया गया था। भारत ने यह दोहराया है कि अपनी विदेश नीति और पड़ोसी देशों के साथ संप्रभुता के सम्मान के तहत, वह इस तरह के बयानों या मंचों का पक्षधर नहीं है। कूटनीतिक हलकों में भारत के इस रुख को दोनों देशों के बीच संतुलन बनाए रखने की एक महत्वपूर्ण कोशिश के रूप में देखा जा रहा है।

बांग्लादेश सरकार की आपत्तियों के बाद आया बयान

गौरतलब है कि शेख हसीना द्वारा देश की मौजूदा स्थिति और वर्ष 2024 के घटनाक्रम को लेकर दिए गए बयानों के बाद ढाका स्थित प्रशासन ने कड़ी आपत्ति जताई थी। बांग्लादेश के विदेश मंत्रालय ने इस वर्चुअल प्रेस कॉन्फ्रेंस पर नाराजगी जताते हुए इसे अपने आंतरिक मामलों में दखल और द्विपक्षीय संबंधों को प्रभावित करने वाला करार दिया था। इसी कूटनीतिक तनाव के मद्देनजर भारतीय विदेश मंत्रालय ने यह स्पष्टीकरण जारी कर यह संदेश दिया है कि भारत अपनी जमीन से पड़ोसी देशों के खिलाफ होने वाली राजनीतिक बयानबाजी या गतिविधियों का समर्थन नहीं करता है।