जंतर-मंतर पर CJP के प्रदर्शन से पहले नितिन नवीन की दो-टूक चेतावनी, बोले- कानून तोड़ा तो भुगतना पड़ेगा अंजाम

जंतर-मंतर पर CJP के प्रदर्शन से पहले नितिन नवीन की दो-टूक चेतावनी, बोले- कानून तोड़ा तो भुगतना पड़ेगा अंजाम

दिल्ली के जंतर-मंतर पर चुनाव आयोग के खिलाफ प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन और घेराव से ठीक पहले राजनीतिक तल्खी चरम पर पहुंच गई है। भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता और बिहार सरकार के मंत्री नितिन नवीन ने कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) और उससे जुड़े आंदोलनकारियों को सख्त लहजे में चेतावनी दी है। नितिन नवीन ने दो-टूक कहा कि लोकतंत्र में शांतिपूर्ण असहमति का अधिकार सबको है, लेकिन विरोध की आड़ में अराजकता फैलाने, संवैधानिक संस्थाओं की साख गिराने और सार्वजनिक शांति भंग करने की इजाजत किसी को नहीं दी जा सकती। उन्होंने कड़े शब्दों में चेताया कि यदि किसी ने भी कानून को अपने हाथ में लेने की कोशिश की, तो उसे कानूनन कड़ी 'सजा तो मिलकर रहेगी'।

'विरोध के नाम पर उपद्रव बर्दाश्त नहीं'—नितिन नवीन की दो-टूक

मीडिया से बातचीत करते हुए नितिन नवीन ने कहा कि कुछ राजनीतिक संगठन और अराजक तत्व अपनी प्रासंगिकता साबित करने के लिए देश की राजधानी को बंधक बनाने की फिराक में रहते हैं। उन्होंने कहा, "संवैधानिक संस्थाओं को निशाना बनाना और दिल्ली में आम नागरिकों का जनजीवन अस्त-व्यस्त करने की साजिश रचना अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जो लोग यह सोच रहे हैं कि वे जंतर-मंतर या संवेदनशील इलाकों में भीड़ जुटाकर कानून-व्यवस्था को चुनौती दे देंगे, वे भ्रम में न रहें। पुलिस और प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। उपद्रवियों और उन्हें हवा देने वालों को अपने किए की पूरी सजा भुगतनी होगी।"

चुनाव आयोग को ढाल बनाकर सियासी रोटियां सेंकने का आरोप

नितिन नवीन ने विपक्षी दलों और आंदोलन का समर्थन कर रहे नेताओं पर भी तीखा प्रहार किया। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनावी मैदान में जनता द्वारा बार-बार खारिज किए जाने के बाद अब हार का ठीकरा चुनाव आयोग पर फोड़ने की सुनियोजित स्क्रिप्ट तैयार की गई है। उन्होंने सवाल किया कि जब भी चुनाव परिणाम विपक्ष के मनमुताबिक नहीं आते, तो कभी ईवीएम और कभी चुनाव आयोग के अधिकारियों को निशाना बनाकर सड़कों पर तमाशा क्यों खड़ा किया जाता है? उन्होंने कहा कि यह आंदोलन किसी लोकतांत्रिक मांग के लिए नहीं, बल्कि केवल राजनीतिक हताशा और अशांति फैलाने के मकसद से प्रायोजित किया जा रहा है।

दिल्ली पुलिस और प्रशासन का कड़ा पहरा, चप्पे-चप्पे पर फोर्स तैनात

नितिन नवीन के इस कड़े बयान के बीच दिल्ली पुलिस ने भी जंतर-मंतर और लुटियंस दिल्ली के आसपास सुरक्षा चक्र को अभेद्य कर दिया है:

  • सख्त बैरिकेडिंग और मेटल डिटेक्टर्स: जंतर-मंतर के प्रवेश और निकास मार्गों पर बहुस्तरीय (मल्टी-लेयर) बैरिकेड्स लगाए गए हैं। बिना वैध पहचान पत्र और जांच के किसी को भी क्षेत्र में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जा रही है।

  • अर्धसैनिक बलों की तैनाती: दिल्ली पुलिस के साथ-साथ त्वरित कार्य बल (RAF) और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के जवानों को अलर्ट मोड पर रखा गया है।

  • ड्रोन और सीसीटीवी से निगरानी: पूरे इलाके की वीडियोग्राफी और ड्रोन से रीयल-टाइम मॉनिटरिंग की जा रही है ताकि किसी भी तरह की गैर-कानूनी गतिविधि की तुरंत पहचान की जा सके।

राजधानी में कानून का राज सर्वोच्च, कोई नहीं बच सकेगा

भाजपा नेता ने स्पष्ट किया कि केंद्र सरकार और सुरक्षा एजेंसियां राजधानी के अमन-चैन से किसी भी सूरत में समझौता नहीं करेंगी। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा और आम जनता की सहूलियत सरकार की पहली प्राथमिकता है। जो तत्व सोशल मीडिया पर भड़काऊ अभियान चलाकर युवाओं को दिल्ली की तरफ कूच करने के लिए उकसा रहे हैं, उनकी डिजिटल पहचान की जा रही है। कानून के दायरे से बाहर जाकर की गई किसी भी हरकत पर तुरंत दंडात्मक और कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।